भगत सिंह ने जब काउंसिल हाउस में बम फेंका, कैसे की थी तैयारी
भगत सिंह ने जब काउंसिल हाउस में बम फेंका, कैसे की थी तैयारी भगत सिंह और बटुकेश्वर दत्त की एक पुरानी तस्वीर उस ज़माने में काउंसिल हाउस जो कि आज का संसद भवन है, का शुमार दिल्ली की बेहतरीन इमारतों में किया जाता था. काउंसिल हाउस में सेफ़्टी बिल पेश होने से दो दिन पहले 6 अप्रैल, 1929 को भगत सिंह और बटुकेश्वर दत्त काउंसिल हाउस के असेंबली हॉल गए थे ताकि ये जायज़ा लिया जा सके कि पब्लिक गैलरी किस तरफ़ हैं और किस जगह से वहाँ बम फेंके जाएंगे. वो ये हर क़ीमत पर सुनिश्चित करना चाहते थे कि उनके फेंके गए बमों से किसी का नुक़सान न हो. हाँलाकि 'ट्रेड डिस्प्यूट बिल' पास किया जा चुका था जिसमें मज़दूरों द्वारा की जाने वाली हर तरह की हड़ताल पर पाबंदी लगा दी गई थी, लेकिन 'पब्लिक सेफ़्टी बिल' पर अध्यक्ष विट्ठलभाई पटेल ने अभी तक अपना फ़ैसला नहीं सुनाया था. इस बिल में सरकार को संदिग्धों को बिना मुक़दमा चलाए हिरासत में रखने का अधिकार दिया जाना था. काउंसिल हाउस में प्रवेश 8 अप्रैल को सदन की कार्यवाही शुरू होने से कुछ मिनट पहले 11 बजे भगत सिंह और बटुकेश्वर दत्त बिना किसी का ध्यान आकर्षित किए हुए क...